एक लडका था। वह हर दौड में अव्व्ल आता था। वह हर बार दो सौ मीटर की दौड मे पह्ला आता। इस बार पांच सौ मीटर की दौड थी। सब उसे बोलते थे कि अगर वह हार गया, या गिर गया, तो फिर उस्का क्या होगा।
ह्सब सुनकर वह बहुत चिन्ता करने लगा। वह चिंता की वजह से र॓स हार गया । तो दोस्तो इस कहानी से
हमे यह सीख मिलती है कि हमे कभी चिन्ता नही करनी चाहिए और सदैव प्रसन्न चाहिए । अगर वह चिंता नही करता तो वह र॓॓स जीत जाता ॥

Janika Shahane

5 A

AVM juhu